by admin@bebak24.com on | 2026-06-28 19:41:41
Share: Facebook | Twitter | WhatsApp | LinkedIn Visits: 3013
कोलकाता: पश्चिम बंगाल की राजनीति में तृणमूल कांग्रेस (TMC) के भीतर चल रहा अंदरूनी घमासान अब थानों और कानूनी लड़ाई तक पहुंच गया है। पूर्व मुख्यमंत्री ममता बनर्जी के नेतृत्व वाले गुट ने ऋतब्रत बनर्जी की अगुवाई वाले बागी धड़े के खिलाफ मोर्चा खोलते हुए पुलिस में आधिकारिक शिकायत दर्ज कराई है। ममता गुट का आरोप है कि बागी नेता पार्टी के नाम और चुनाव चिह्न का दुरुपयोग कर कार्यकर्ताओं को गुमराह कर रहे हैं।
टीएमसी सांसद डोला सेन ने कोलकाता के कालीघाट और न्यू टाउन थाने में यह शिकायत दर्ज कराते हुए पुलिस से एफआईआर (FIR) दर्ज कर निष्पक्ष जांच की मांग की है।
ममता बनर्जी के करीबी नेताओं के अनुसार, सांसद डोला सेन द्वारा दर्ज कराई गई पुलिस शिकायत में मुख्य रूप से चार बागी नेताओं के नाम शामिल हैं:
ऋतब्रत बनर्जी
जावेद ख़ान
संदीपन साहा
विप्लव मित्र
मुख्य आरोप: डोला सेन ने अपनी शिकायत में कहा है कि ऋतब्रत के नेतृत्व में बागी नेता अवैध रूप से एक समानांतर (Parallel) संगठन चलाने की कोशिश कर रहे हैं। वे टीएमसी के नाम का इस्तेमाल कर अवैध काम कर रहे हैं और पार्टी की छवि को जानबूझकर खराब करने का प्रयास कर रहे हैं।
यह पूरा विवाद तब चरम पर पहुंच गया जब बागी गुट ने अपनी अलग राह चुन ली।
नई समिति का गठन: ऋतब्रत गुट ने बीते 22 जून को न्यू टाउन इलाके में टीएमसी का एक 'विशेष अधिवेशन' बुलाया था।
ममता-अभिषेक की छुट्टी: इस अधिवेशन में बागियों ने एक नई राष्ट्रीय कार्यसमिति का गठन किया, जिसमें पार्टी सुप्रीमो ममता बनर्जी और उनके भतीजे अभिषेक बनर्जी को ही जगह नहीं दी गई।
पद का दावा: ममता गुट के एक वरिष्ठ नेता ने आपत्ति जताते हुए कहा कि ऋतब्रत ने विधानसभा अध्यक्ष को भेजे एक पत्र में खुद को पार्टी का 'महासचिव' बताया है, जबकि पार्टी ने उन्हें ऐसा कोई आधिकारिक पद नहीं दिया है।
ममता गुट की इस कानूनी और पुलिस कार्रवाई पर बागी गुट के नेता ऋतब्रत बनर्जी ने भी तीखी प्रतिक्रिया दी है। पत्रकारों से बातचीत में ऋतब्रत ने कहा:
"कोई भी व्यक्ति थाने में जाकर शिकायत दर्ज करा सकता है, यह उनका अधिकार है। लेकिन देश में कानून और चुनाव आयोग (Election Commission) नाम की भी कोई संस्था है। हमें उन पर पूरा भरोसा है।"
तृणमूल कांग्रेस के भीतर का यह घमासान अब वैचारिक मतभेद से आगे बढ़कर पार्टी पर कब्जे की वर्चस्व की लड़ाई में तब्दील हो चुका है। महाराष्ट्र में शिवसेना और एनसीपी (NCP) के टूटने के बाद जिस तरह से असली पार्टी और सिंबल की लड़ाई चुनाव आयोग और कोर्ट के दरवाजे तक पहुंची थी, बंगाल में टीएमसी भी ठीक उसी राह पर जाती दिख रही है।
ममता बनर्जी गुट द्वारा पुलिस में शिकायत दर्ज कराना बागियों पर मनोवैज्ञानिक और कानूनी दबाव बनाने की एक कोशिश है। वहीं, ऋतब्रत बनर्जी का चुनाव आयोग पर भरोसा जताना यह साफ करता है कि बागी गुट जल्द ही 'असली टीएमसी' और उसके 'चुनाव चिह्न' पर अपना दावा ठोकने की तैयारी में है। बंगाल की सियासत के लिए आने वाले कुछ दिन बेहद उथल-पुथल भरे साबित होने वाले हैं।
स्वास्थ्य सेवा में लापरवाही पर सख्त हुईं महिला आयोग उपाध्यक्ष ; जिला महिला अस्पताल में अव्यवस्था, प्राइवेट लैब और बाहर की दवा लिखने पर भड़कीं चारू चौधरी
धान खरीद की तैयारी पूरी, जिलाधिकारी का सख्त निर्देश: किसानों से अच्छा व्यवहार करें क्रय केंद्र प्रभारी
जब झूमीं काली गाड़ियाँ, तो मची खलबली: बाबा के दरबार में योगी संग बाहुबली!
ब्रेकिंग न्यूज़: नोनहरा कांड के पीड़ित परिवार से मिलेंगे LG मनोज सिन्हा, दौरा कल से
सपा विधायक वीरेंद्र यादव का आह्वान: '2027 में अखिलेश यादव को मुख्यमंत्री बनाना है'
बिहार चुनाव 2025: लखीसराय में भीषण हंगामा, डिप्टी सीएम विजय सिन्हा के काफिले पर पथराव-गोबर से हमला; भड़के सिन्हा ने कहा- 'इन RJD गुंडों की छाती पर चलेगा बुलडोजर!'
स्वास्थ्य सेवा में लापरवाही पर सख्त हुईं महिला आयोग उपाध्यक्ष ; जिला महिला अस्पताल में अव्यवस्था, प्राइवेट लैब और बाहर की दवा लिखने पर भड़कीं चारू चौधरी
धान खरीद की तैयारी पूरी, जिलाधिकारी का सख्त निर्देश: किसानों से अच्छा व्यवहार करें क्रय केंद्र प्रभारी
जब झूमीं काली गाड़ियाँ, तो मची खलबली: बाबा के दरबार में योगी संग बाहुबली!
ब्रेकिंग न्यूज़: नोनहरा कांड के पीड़ित परिवार से मिलेंगे LG मनोज सिन्हा, दौरा कल से
सपा विधायक वीरेंद्र यादव का आह्वान: '2027 में अखिलेश यादव को मुख्यमंत्री बनाना है'
बिहार चुनाव 2025: लखीसराय में भीषण हंगामा, डिप्टी सीएम विजय सिन्हा के काफिले पर पथराव-गोबर से हमला; भड़के सिन्हा ने कहा- 'इन RJD गुंडों की छाती पर चलेगा बुलडोजर!'