ब्रेकिंग न्यूज़
यूपी को पहली शयनयान वंदे भारत की सौगात, बनारस से दिल्ली का सफर होगा आसान
राजनीति राजनीति

पेट्रोल में 20% से अधिक इथेनॉल मिलाने का आरोप, राहुल गांधी ने मोदी से मांगा जवाब

by admin@bebak24.com on | 2026-11-07 14:13:57

Share: Facebook | Twitter | WhatsApp | LinkedIn Visits: 3058


पेट्रोल में 20% से अधिक इथेनॉल मिलाने का आरोप, राहुल गांधी ने मोदी से मांगा जवाब

नई दिल्ली | बेबाक24 न्यूज़

कांग्रेस नेता और लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी ने पेट्रोल में निर्धारित मात्रा से अधिक इथेनॉल मिलाए जाने का आरोप लगाते हुए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से जवाब मांगा है। उन्होंने दावा किया कि कर्नाटक के 7 जिलों से लिए गए पेट्रोल के नमूनों की जांच में 14 में से 11 नमूनों में इथेनॉल की मात्रा 20% से अधिक पाई गई।

14 में से 11 नमूनों में अधिक इथेनॉल का दावा

राहुल गांधी ने सामाजिक माध्यम एक्स पर एक पोस्ट साझा कर कहा कि केंद्र सरकार पेट्रोल में 20% इथेनॉल मिश्रण की बात करती है, जबकि कर्नाटक सरकार की ओर से कराई गई जांच में कई नमूनों में यह मात्रा निर्धारित सीमा से अधिक मिली।

उनके मुताबिक, इंडियन ऑयल कॉर्पोरेशन के एक नमूने में इथेनॉल की मात्रा 31.2% और हिंदुस्तान पेट्रोलियम कॉर्पोरेशन के एक नमूने में 30.5% दर्ज की गई।

राहुल गांधी ने सवाल उठाया कि जब उपभोक्ता पेट्रोल की पूरी कीमत चुका रहे हैं, तो उन्हें निर्धारित मात्रा से अधिक इथेनॉल मिला ईंधन क्यों दिया जा रहा है। उन्होंने प्रधानमंत्री से पूछा कि 20% से अधिक इथेनॉल मिलाने वाली कंपनियों के खिलाफ कार्रवाई कब की जाएगी।

प्रियांक खड़गे ने भी केंद्र सरकार पर साधा निशाना

कर्नाटक सरकार में मंत्री प्रियांक खड़गे ने भी इस मामले में केंद्र सरकार पर सवाल उठाए। उन्होंने कहा कि राष्ट्रीय प्रत्यायन बोर्ड से मान्यता प्राप्त प्रयोगशालाओं की रिपोर्ट में इथेनॉल मिश्रण की मात्रा घोषित सीमा से अधिक होने की बात सामने आई है।

खड़गे के अनुसार, कुछ नमूनों में इथेनॉल की मात्रा 35% से 40% तक पहुंचने का दावा किया गया है। उन्होंने आरोप लगाया कि केंद्र सरकार ने इथेनॉल मिश्रण की एक निर्धारित सीमा तय करने की बात कही थी, लेकिन जांच के नतीजे उस दावे पर सवाल खड़े करते हैं।

उच्चतम न्यायालय में दिए गए बयान का भी उठाया मुद्दा

प्रियांक खड़गे ने उच्चतम न्यायालय में सॉलिसिटर जनरल की ओर से दिए गए उस बयान का भी उल्लेख किया, जिसमें इथेनॉल मिश्रण को एक प्रयोग बताया गया था और कहा गया था कि यह पूरे देश में लागू नहीं है।

खड़गे ने सवाल किया कि यदि यह व्यवस्था प्रयोग के तौर पर अपनाई जा रही है, तो देश की बड़ी आबादी पर इसका इस्तेमाल कैसे उचित ठहराया जा सकता है। उन्होंने केंद्र सरकार पर लोगों को गुमराह करने और कंपनियों के मुनाफे को प्राथमिकता देने का आरोप भी लगाया।

बेबाक24 टेक

पेट्रोल में इथेनॉल मिश्रण की निर्धारित मात्रा से अधिक होने का आरोप उपभोक्ताओं के हित और ईंधन की गुणवत्ता से जुड़ा महत्वपूर्ण सवाल है। फिलहाल सामने रखे गए आंकड़े राहुल गांधी और कर्नाटक सरकार के दावों पर आधारित हैं। इस मामले में केंद्र सरकार और संबंधित तेल कंपनियों का पक्ष तथा जांच रिपोर्टों का पूरा विवरण सामने आने के बाद ही स्थिति अधिक स्पष्ट हो सकेगी।



Search
Recent News
Top Trending
Most Popular

Leave a Comment