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पीएम की काशी को 'चोक' करने की घिनौनी साजिश? सीवर में मिलीं चमचमाती सफेद बोरियां, पर उठ गए बड़े सवाल!

by on | 2026-09-13 13:08:01

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पीएम की काशी को 'चोक' करने की घिनौनी साजिश? सीवर में मिलीं चमचमाती सफेद बोरियां, पर उठ गए बड़े सवाल!

वाराणसी: त्रिकालदर्शी की पावन नगरी काशी में यह कैसा पाप हुआ है, जिसे देखकर हर काशीवासी हैरान और परेशान है! शिवाला और नगवा समेत शहर के करीब आधा दर्जन वार्डों में जब नगर निगम की टीम ने सीवर लाइनों का पेट खोला, तो अंदर का नजारा देखकर हर किसी के होश उड़ गए। सीवर के गहरे गंदे पानी के अंदर से निकलीं—बालू की बोरियां, भारी-भरकम पत्थर, लकड़ी का बुरादा और प्लाई!

​लेकिन रुकिए... यहीं से शुरू होता है असली 'सियासी और तकनीकी' दांव-पेच!


सफेद बोरियों का 'काला' सच: साजिश या अपनी नाकामियों पर पर्दा?

बेबाक 24 आपसे सीधे सवाल पूछता है—जो बोरियां हफ्तों या महीनों से सीवर के काले-कीचड़ भरे पानी में दबी होने का दावा किया जा रहा है, वे बाहर निकलते ही 'चमकती हुई सफेद' कैसे दिख रही हैं? क्या सीवर का काला पानी उन बोरियों पर अपना रंग चढ़ाना भूल गया?

​यह चमकती बोरियां अब दो बड़े सवाल खड़े कर रही हैं:

क्या वाकई शहर को डुबोने का कोई बड़ा षड्यंत्र था?


या फिर '15 मिनट में जल निकासी' का खोखला दावा करने वाले अधिकारी व मेयर अपनी मुंह पर लगी कालिख को धोने की कोशिश कर रहे हैं?


दावों की खुली पोल, हफ्ते भर हांफते रहे काशीवासी

प्रशासन के बड़े-बड़े दावे थे कि बारिश के बाद काशी 15 मिनट में पानी से मुक्त हो जाएगी। लेकिन हकीकत क्या रही? पहली ही तेज बारिश में पूरा बनारस हफ्ते भर तक हांफता रहा। जलभराव से जनता त्रस्त हुई, तो अचानक सीवर में 'साजिश का बालू' तैरने लगा!

​नगर निगम ने भेलूपुर थाने में अज्ञात के खिलाफ FIR दर्ज कराने के लिए तहरीर दे दी है। नगर आयुक्त और मेयर खूब गरज रहे हैं कि दोषियों को बख्शा नहीं जाएगा। दूसरी तरफ, विपक्ष इस 'सफेद बोरी वाले खेल' को देखकर सख्ते में है और इसे अपनी नाकामियों को छिपाने का ड्रामा बता रहा है।

बेबाक राय:

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के इस ड्रीम सिटी में अगर वाकई किसी ने सीवर लाइन चोक करने की घिनौनी साजिश की है, तो वह बख्शा नहीं जाना चाहिए। लेकिन अगर यह जांच केवल अपनी लापरवाही का ठीकरा 'अज्ञात' के सिर फोड़ने के लिए की जा रही है, तो काशी की जनता सब देख रही है।

​अब देखना यह होगा कि पुलिस की जांच में इस 'चमकती सफेद बोरी' का काला सच बाहर आता है या यह मामला भी कागजों में दफन हो जाएगा!



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