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राज्यसभा चुनाव: यूपी, उत्तराखंड और बंगाल में क्या है सीटों का गणित

by admin@bebak24.com on | 2026-09-23 13:12:07

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राज्यसभा चुनाव: यूपी, उत्तराखंड और बंगाल में क्या है सीटों का गणित

नई दिल्ली | बेबाक24 न्यूज़

राज्यसभा की 12 सीटों के लिए 16 अक्तूबर को मतदान होगा। इनमें उत्तर प्रदेश की 10, उत्तराखंड की 1 और पश्चिम बंगाल की 1 सीट शामिल है। चुनाव में जनता सीधे मतदान नहीं करती, बल्कि संबंधित राज्यों के निर्वाचित विधायक वरीयता के आधार पर उम्मीदवारों को वोट देते हैं।

कैसे होता है राज्यसभा चुनाव?

राज्यसभा चुनाव में विधायक उम्मीदवारों के नाम के सामने अपनी पसंद के क्रम में 1, 2, 3 और आगे के अंक लिखते हैं। पहली पसंद के वोटों से जीत का फैसला होने पर उम्मीदवार विजयी होता है। जरूरत पड़ने पर दूसरी और आगे की वरीयताओं के वोट भी गिने जाते हैं।

किसी उम्मीदवार को जीतने के लिए कितने प्रथम वरीयता वोट चाहिए, यह संबंधित राज्य के विधायकों की संख्या और खाली सीटों के आधार पर तय होता है।

उत्तर प्रदेश में 10 सीटों का गणित

उत्तर प्रदेश में इस बार सबसे ज्यादा 10 राज्यसभा सीटों पर चुनाव होना है। विधानसभा के मौजूदा 397 सदस्यों के आधार पर एक सीट के लिए करीब 37 प्रथम वरीयता वोट जरूरी होंगे।

मौजूदा संख्या बल में राजग के 292 विधायक बताए गए हैं। इस आधार पर गठबंधन 7 सीटों पर अपनी स्थिति मजबूत रखता है। वहीं, 101 विधायकों वाली सपा को 2 सीटों के लिए पर्याप्त संख्या बल बताया गया है।

सबसे ज्यादा दिलचस्पी 8वीं और 10वीं सीट के समीकरण को लेकर है। राजग के पास 8वीं सीट के लिए 33 प्रथम वरीयता वोट बताए गए हैं, यानी उसे कुछ अतिरिक्त समर्थन की जरूरत होगी। राजा भैया के दल के 2 विधायकों का समर्थन मिलने के बाद भी अतिरिक्त वोटों की आवश्यकता रह सकती है।

वहीं, सपा को कांग्रेस के 2 विधायकों का समर्थन मिलने पर विपक्षी खेमे की संख्या 103 हो सकती है। इस स्थिति में तीसरी सीट के लिए उसे अतिरिक्त प्रथम वरीयता वोट जुटाने होंगे।

उत्तराखंड में भाजपा के पास बहुमत

उत्तराखंड में 1 राज्यसभा सीट के लिए चुनाव होगा। विधानसभा में कुल 70 विधायक हैं और जीत के लिए 36 प्रथम वरीयता वोट की जरूरत होगी।

भाजपा के पास 47 विधायक हैं। इसलिए विधानसभा के मौजूदा संख्या बल के आधार पर भाजपा उम्मीदवार के लिए आवश्यक वोटों का आंकड़ा पूरा होता दिखाई देता है।

बंगाल में 1 सीट पर उपचुनाव

पश्चिम बंगाल में इस बार एक राज्यसभा सीट पर उपचुनाव होगा। तृणमूल कांग्रेस की सांसद कोयल मलिक के इस्तीफे के बाद यह सीट खाली हुई है।

राज्य विधानसभा में 294 विधायक हैं। यहां एक उम्मीदवार को जीत के लिए 148 प्रथम वरीयता वोट चाहिए। दिए गए विधानसभा संख्या बल के आधार पर भाजपा के उम्मीदवार के पक्ष में आवश्यक संख्या बल बताया गया है।

कब होगा मतदान?

राज्यसभा चुनाव के लिए 29 सितंबर को अधिसूचना जारी होगी। 6 अक्तूबर नामांकन की अंतिम तारीख है, जबकि 7 अक्तूबर को नामांकन पत्रों की जांच होगी। 9 अक्तूबर तक नाम वापस लिए जा सकेंगे। इसके बाद 16 अक्तूबर को सुबह 9 बजे से शाम 5 बजे तक मतदान और उसी दिन मतगणना होगी।

बेबाक24 की राय: तीनों राज्यों में राज्यसभा चुनाव का गणित मुख्य रूप से विधानसभा के मौजूदा संख्या बल पर निर्भर करेगा। जहां कुछ सीटों पर संख्या स्पष्ट है, वहीं यूपी में अतिरिक्त वोटों और संभावित समर्थन के कारण अंतिम समीकरण उम्मीदवारों और मतदान के दौरान सामने आने वाले समर्थन पर निर्भर करेगा।



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