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शामली में अंकित बालियान हत्याकांड: 20-21 अगस्त को सूर्या होटल में ठहरे थे इनामी शूटर, एनकाउंटर के बाद भी जांच जारी

by on | 2026-08-31 11:58:37

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शामली में अंकित बालियान हत्याकांड: 20-21 अगस्त को सूर्या होटल में ठहरे थे इनामी शूटर, एनकाउंटर के बाद भी जांच जारी


​शामली (बेबाक 24 )। हरियाणवी गायक व यूट्यूबर अंकित बालियान हत्याकांड में पुलिस और यूपी एसटीएफ की पड़ताल में एक के बाद एक चौंकाने वाले खुलासे हो रहे हैं। एनकाउंटर में ढेर हुए 50-50 हजार रुपये के इनामी शूटरों—मोहित और सुमित—को लेकर पुलिस के हाथ बेहद मजबूत और अहम सुराग लगे हैं।

​सूर्या होटल में ठहरे, जमा कराए थे पहचान पत्र

पुलिस जांच के मुताबिक, मोहित और सुमित वारदात से ठीक पहले 20 अगस्त को शामली पहुंचे थे। दोनों ने शहर के सूर्या होटल में कमरा लिया था और रुकने के लिए पहचान पत्र (आईडी) समेत जरूरी दस्तावेज होटल काउंटर पर जमा कराए थे। 20 और 21 अगस्त के दौरान दोनों ने होटल में डेरा डालकर अंकित की पल-पल की गतिविधियों की रेकी की। होटल के CCTV में दर्ज संदिग्ध तस्वीरें और एंट्री रजिस्टर अब इस केस की जांच में सबसे मजबूत कड़ी साबित हुए हैं।

​गैंगवार का एंगल: राहुल शाहपुरिया था मास्टरमाइंड

पुलिस का दावा है कि अंकित बालियान की हत्या के पीछे टिल्लू और गोगी गैंग के बीच जारी खूनी रंजिश की कड़ी जुड़ी हुई है। अंकित को विरोधी टिल्लू गैंग से जुड़ा मानकर उसकी हत्या की साजिश रची गई थी। शामली एसपी के अनुसार, कुख्यात राहुल उर्फ भोलू शाहपुरिया ने इस पूरे हत्याकांड का ताना-बाना बुना और गोगी गैंग से जुड़े शूटरों को हथियार व रकम मुहैया कराई।

​वारदात से एनकाउंटर तक की पूरी टाइमलाइन

​6 लोगों का नेटवर्क: वारदात में 4 शूटर सीधे तौर पर शामिल थे, जबकि 2 मददगार रेकी और लॉजिस्टिक्स संभाल रहे थे।


​भागने के रास्ते: हत्या के बाद दो आरोपी बाइक से करनाल की ओर निकल गए, जबकि मोहित और सुमित बागपत की तरफ भागे।


​कैराना रोड पर मुठभेड़: SWAT टीम और पुलिस ने घेराबंदी की तो कैराना रोड स्थित इंडियन गैस गोदाम के पास बदमाशों ने फायरिंग झोंक दी। जवाबी कार्रवाई में सोनीपत निवासी मोहित (22) और सुमित (24) मारे गए। मुठभेड़ में SWAT टीम के दो हेड कांस्टेबल—हरविंदर और प्रदीप—भी घायल हुए।


​बरामदगी: मौके से 2 पिस्टल, कारतूस, स्प्लेंडर बाइक, मोबाइल, बैग और 5,000 रुपये नकद मिले।


​मेरठ जोन के ADG भानु भास्कर के निर्देश पर गठित 8 विशेष टीमें अब व्हाट्सएप चैट, कॉल डिटेल (CDR) और अन्य मददगारों की तलाश में हरियाणा और दिल्ली के विभिन्न ठिकानों पर ताबड़तोड़ दबिश दे रही हैं। पुलिस का साफ कहना है कि मामले में शामिल किसी भी साजिशकर्ता को बख्शा नहीं जाएगा।



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