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खाकी की गाड़ी, बेगुनाह की जान और सिस्टम की चुप्पी! सीओ की गाड़ी से मौत मामले में फूटा आक्रोश

by on | 2026-02-07 20:47:52

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खाकी की गाड़ी, बेगुनाह की जान और सिस्टम की चुप्पी! सीओ की गाड़ी से मौत मामले में फूटा आक्रोश

सोनभद्र। क्या कानून के रखवालों की गाड़ी से हुई मौत का कोई हिसाब नहीं होगा? 26 जनवरी को जिस सरकारी गाड़ी को सुरक्षा का प्रतीक होना चाहिए था, उसी ने एक महिला की जिंदगी छीन ली। मामला पिपरी क्षेत्राधिकारी (CO) की सरकारी गाड़ी से हुई दुर्घटना का है, जिसने अब एक बड़े जनांदोलन का रूप ले लिया है। शनिवार को कलेक्ट्रेट परिसर में सरदार सेना और ग्रामीणों के हुजूम ने प्रशासन की ईंट से ईंट बजा दी।

'अज्ञात' के नाम पर फाइल दबाने की साजिश?

​आरोप है कि अस्पताली देवी की मौत के बाद जब परिजन इंसाफ मांगने पहुंचे, तो पुलिस ने संवेदना दिखाने के बजाय 'सिस्टम' का डर दिखाया। परिजनों का सीधा आरोप है कि पुलिस इस मामले को 'अज्ञात वाहन' की दुर्घटना दिखाकर रफा-दफा करना चाहती है।

बेबाक सवाल: जब टक्कर सीओ की सरकारी गाड़ी से हुई, तो उसे 'अज्ञात' बताने की हिम्मत खाकी में कहां से आई? क्या अपने ही अफसरों को बचाने के लिए गरीब की मौत का सौदा किया जा रहा है?


मुआवजा, नौकरी और जमीन: न्याय की हुंकार

​सरदार सेना के नेतृत्व में जिलाधिकारी को सौंपे गए ज्ञापन में प्रदर्शनकारियों ने साफ कर दिया है कि अब समझौता नहीं, सीधा न्याय होगा। उनकी प्रमुख मांगें ये हैं:

  • 1 करोड़ रुपये का नकद मुआवजा।
  • ​परिवार के एक सदस्य को सरकारी नौकरी
  • ​जीवनयापन के लिए 5 बीघा जमीन
  • ​दोषी सरकारी वाहन और चालक के खिलाफ FIR

दिव्यांग बेटे और मजबूर पति का क्या होगा?

​डॉ. अरविंद पटेल ने बताया कि पीड़ित कमलेश पटेल मुर्धवा मोड़ पर छोटी सी दुकान चलाकर परिवार पालते हैं। घर में एक दिव्यांग बेटा है जिसकी देखभाल माँ (अस्पताली देवी) करती थीं। अब उस माँ की मौत के बाद परिवार न सिर्फ भावनात्मक बल्कि आर्थिक रूप से भी टूट चुका है। अगर FIR में खेल किया गया, तो इस गरीब परिवार को किसी भी सरकारी योजना का लाभ नहीं मिल पाएगा।

48 घंटे का अल्टीमेटम खत्म, अब आर-पार की जंग!

​प्रदर्शनकारियों ने चेतावनी दी है कि वे अब खाली हाथ वापस नहीं जाएंगे। प्रशासन ने अगर मांगों पर तुरंत गौर नहीं किया, तो यह आंदोलन सोनभद्र की सड़कों पर और उग्र होगा। मौके पर भारी पुलिस बल तैनात है, लेकिन जनता का आक्रोश खाकी के घेरे से बड़ा नजर आ रहा है।



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