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स्कूल ड्रेस में हिजाब की मांग खारिज, इलाहाबाद हाईकोर्ट ने कहा- समान ड्रेस कोड जरूरी

by admin@bebak24.com on | 2026-08-25 14:27:36

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स्कूल ड्रेस में हिजाब की मांग खारिज, इलाहाबाद हाईकोर्ट ने कहा- समान ड्रेस कोड जरूरी

प्रयागराज | बेबाक24 न्यूज़

इलाहाबाद हाईकोर्ट ने स्कूल की निर्धारित यूनिफॉर्म के साथ हिजाब पहनने की अनुमति मांगने वाली एक नाबालिग मुस्लिम छात्रा की याचिका खारिज कर दी है। अदालत ने कहा कि छात्रा यह साबित करने के लिए पर्याप्त सामग्री पेश नहीं कर सकी कि हिजाब पहनना इस्लाम की आवश्यक धार्मिक प्रथा है।

ड्रेस कोड में बदलाव पर कोर्ट की अहम टिप्पणी

न्यायमूर्ति जे.जे. मुनीर और न्यायमूर्ति इंद्रजीत शुक्ला की पीठ ने कहा कि यदि किसी शिक्षण संस्थान का ड्रेस कोड सभी छात्रों के लिए समान, गैर-भेदभावपूर्ण और संस्थान में अनुशासन तथा पहचान बनाए रखने के उद्देश्य से लागू किया गया है, तो कोई छात्र उसमें अपनी पसंद के अनुसार बदलाव की मांग पर जोर नहीं दे सकता।

अदालत ने यह भी स्पष्ट किया कि स्कूल प्रशासन द्वारा पहले की कक्षाओं में सिर पर स्कार्फ पहनने पर आपत्ति नहीं जताने से छात्रा को भविष्य में इसे जारी रखने का स्वतः अधिकार नहीं मिल जाता।

कर्नाटक हाईकोर्ट के फैसले का भी हवाला

इलाहाबाद हाईकोर्ट ने वर्ष 2022 के कर्नाटक हाईकोर्ट के फैसले का उल्लेख करते हुए कहा कि उसे उस फैसले से अलग रुख अपनाने का कोई कारण नहीं दिखता। कर्नाटक हाईकोर्ट ने हिजाब को इस्लाम की आवश्यक धार्मिक प्रथा मानने से इनकार किया था।

हालांकि, अदालत ने यह भी ध्यान में रखा कि इस मुद्दे पर बाद में सुप्रीम कोर्ट में सुनवाई के दौरान फैसला विभाजित रहा था।

प्रयागराज के निजी सीबीएसई स्कूल से जुड़ा था मामला

यह मामला प्रयागराज के एक निजी सीबीएसई स्कूल की छात्रा से जुड़ा था। छात्रा ने अपनी मां के माध्यम से हाईकोर्ट में याचिका दाखिल कर निर्धारित स्कूल यूनिफॉर्म के साथ हिजाब पहनने की अनुमति मांगी थी।

अदालत ने उपलब्ध तथ्यों और दलीलों पर विचार करने के बाद याचिका खारिज कर दी।

बेबाक24 निष्कर्ष: फैसले में अदालत ने धार्मिक स्वतंत्रता की बहस के साथ संस्थान के समान ड्रेस कोड, अनुशासन और संस्थागत पहचान के बीच संतुलन पर जोर दिया है। यह निर्णय स्कूलों में निर्धारित वेशभूषा और धार्मिक पहनावे को लेकर जारी कानूनी बहस के संदर्भ में महत्वपूर्ण माना जा रहा है।



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